श्री विष्णु चालीसा भगवान विष्णु की स्तुति में रचित एक पावन भक्ति ग्रंथ है। विष्णु जी को जगत के पालनहार, धर्म की रक्षा करने वाले और करुणा व न्याय के स्वरूप के रूप में
स्कंदपुराण में महर्षि कात्यायन को याज्ञवल्क्य का पुत्र बताया गया है। वैदिक साहित्य में उनका स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कात्यायन श्रौतसूत्र, कात्यायन गृह्यसूत्र, प्रतिहार सूत्र और शुक्ल यजु:पार्षत् जैसे प्रमुख ग्रंथों की
फुलेरा दूज फाल्गुन शुक्ल द्वितीया को मनाया जाने वाला एक विशेष हिंदू पर्व है। यह दिन राधा-कृष्ण के प्रेम का प्रतीक माना जाता है और साथ ही बसंत ऋतु के आगमन का भी संकेत
धार्मिक ग्रंथों में कहा गया है कि जिस स्थान पर प्रतिदिन नियमपूर्वक ईश्वर की उपासना और स्वच्छता का पालन किया जाता है, वहाँ सदैव देवताओं का वास होता है। पूजा केवल एक शब्द
Piercing: नाक छिदाना या कान छिदाना या खतना कराना -ये क्रियायें ऊपर से समझ नहीं आतीं पर इनके पीछे काम करता है एक गहरा विज्ञान जो ऊर्चा प्रवाह की दिशा और दशा से जुड़ा
महाशिवरात्रि 2026: हिंदू धर्म में भगवान शिव को देवों के देव महादेव कहा जाता है, जिनकी पूजा पूरी दुनिया बड़ी श्रद्धा से करती है। इस साल 15 फरवरी को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा,
शिव आदि देव है। वे महादेव हैं, सभी देवों में सर्वोच्च और महानतम शिव को ऋग्वेद में रुद्र कहा गया है। पुराणों में उन्हें महादेव के रूप में स्वीकार किया गया है। श्वेता श्वतरोपनिषद्
Sphatik Shila: यहाँ इस लेख में उत्तराखंड की धर्मनगरी चित्रकूट में स्थित स्फटिक शिला के महत्व और उससे जुड़ी कथा का रसास्वादन कीजिये.. चित्रकूट की पवित्र भूमि पर, मंदाकिनी नदी के शांत किनारे एक
हिंदू धर्मग्रंथों में माँ शाकंभरी को ‘प्रकृति की देवी’ और ‘पोषण की अधिष्ठात्री’ माना गया है। माँ का यह अवतार पूर्णतः दया और मानवता के कल्याण को समर्पित है। देवी भागवत पुराण के
सनातन सृस्कृति में तुलसी को माँ कहा गया है ..इस लेख में जानिये तुलसी के धार्मिक पौधे के विभिन्न अद्भुत लाभ.. हिंदू धर्म और भारतीय संस्कृति में तुलसी केवल एक पौधा नहीं, बल्कि साक्षात्